जिंदा मतदाताओं को बताया मृत व गायब 117 नाम विलोपित कराने भरा गया फार्म-7 कलेक्टोरेट में कांग्रेस का हंगामा
बिलासपुर। विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SIR) के बीच बेलतरा विधानसभा क्षेत्र से मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। शहर के वार्ड क्रमांक 55-56 के अंतर्गत आने वाले बूथों में अल्पसंख्यक समुदाय के 117 मतदाताओं के नाम विलोपित कराने के लिए एक ही व्यक्ति द्वारा फार्म-7 भरकर बीएलओ को जमा किए जाने की शिकायत पर बुधवार को कलेक्टोरेट में कांग्रेसजनों ने हंगामा किया। जिला कांग्रेस कमेटी के पूर्व अध्यक्ष व बेलतरा विधानसभा के प्रत्याशी विजय केशरवानी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता और प्रभावित मतदाता कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी संजय अग्रवाल से मिले और पूरे प्रकरण की जांच की मांग की। कलेक्टर ने मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है। एक व्यक्ति ने जमा किए 117 फार्म-7 शिकायत के अनुसार बूथ क्रमांक 191 में 10, बूथ 192 में 15 और बूथ 193 में 92 मतदाताओं—कुल 117 लोगों—के नाम मतदाता सूची से हटाने के लिए फार्म-7 जमा किए गए। आरोप है कि ये सभी फार्म एक ही व्यक्ति द्वारा बीएलओ को सौंपे गए। विजय केशरवानी ने सवाल उठाया कि जब संबंधित मतदाता वर्षों से उसी पते पर निवासरत हैं और वर्ष 2003 से मतदाता सूची में उनके नाम दर्ज हैं, तब उनके नाम काटने के लिए फार्म-7 क्यों भरे गए? उन्होंने कहा कि सभी 117 मतदाता जीवित हैं और उनका भौतिक सत्यापन भी किया जा चुका है। ‘षड़यंत्र की आशंका, निष्पक्ष जांच हो’ विजय केशरवानी ने फार्म-7 के दुरुपयोग और सुनियोजित षड़यंत्र की आशंका जताते हुए कहा कि एक व्यक्ति द्वारा इतनी बड़ी संख्या में नाम कटवाने के लिए आवेदन देना गंभीर विषय है। उन्होंने मांग की कि यह जांच हो कि बीएलओ ने किन आधारों पर फार्म स्वीकार किए और इसके पीछे किसकी मंशा है। उन्होंने सत्ताधारी दल पर आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस समर्थक, अल्पसंख्यक, एससी और एसटी मतदाताओं के नाम विलोपित कराने का प्रयास किया जा रहा है। उनका आरोप है कि कुछ स्थानों पर बीएलओ पर दबाव बनाकर फार्म-7 स्वीकार कराने की कोशिश की जा रही है। ‘एसआईआर अपने उद्देश्य से भटका’ कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पूर्व में एसआईआर के दौरान भौतिक सत्यापन के आधार पर मतदाताओं के फार्म भरे जा चुके हैं और दस्तावेज सही पाए गए हैं। ऐसे में पुनः फार्म-7 भरने की कार्रवाई संदेहास्पद प्रतीत होती है। कांग्रेस ने मांग की है कि संबंधित सभी फार्म-7 की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए तथा वास्तविक मतदाताओं के नाम सुरक्षित रखे जाएं। प्रकरण को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म है और अब प्रशासनिक जांच की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0


