विद्यार्थी का सर्वप्रथम कर्तव्य पढ़ाई और करियर का चिंतन – त्रिलोक चंद्र श्रीवास

रानीगांव। विद्यार्थियों का सर्वप्रथम कर्तव्य है कि वे पूरी निष्ठा से पढ़ाई करें और अपने करियर के प्रति गंभीर चिंतन करते हुए आगे बढ़ें। एक सशक्त करियर बनाकर ही वे अपने परिवार, समाज और क्षेत्र का नाम गौरवान्वित कर सकते हैं। उक्त बातें बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम रानीगांव स्थित यूनिवर्सल पब्लिक स्कूल में आयोजित वार्षिक उत्सव एवं जेके ग्रुप कोचिंग के प्रतिभा सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित बिलासपुर जिले के लोकप्रिय जननेता त्रिलोक चंद्र श्रीवास, राष्ट्रीय समन्वयक – अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने कही। श्री श्रीवास ने अपने उद्बोधन में विद्यालय प्रबंधन से अपील करते हुए कहा कि देश के सैनिक परिवारों, पुलिस विभाग के कर्मचारियों एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के प्रतिभावान बच्चों के लिए फीस में विशेष रियायत दी जानी चाहिए, ताकि कोई भी होनहार छात्र संसाधनों के अभाव में शिक्षा से वंचित न रहे। कार्यक्रम में विद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं, जिसने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। साथ ही कक्षा 12वीं में प्रथम स्थान एवं मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने वाले दर्जनों विद्यार्थियों का सम्मान मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों द्वारा किया गया। इस अवसर पर जनपद सदस्य राघवइंद्र गहवई, ग्राम पंचायत रानीगांव की सरपंच दिव्या रूपेश कोरी, जनजीराडीह के सरपंच रमेश शिकारी एवं उपसरपंच श्रवण तंबोली ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन विद्यालय के प्राचार्य विनोद निर्मलकर ने किया तथा आभार प्रदर्शन विद्यालय के संचालक अभिषेक भोंसले द्वारा किया गया। इस दौरान ग्राम पंचायत के सरपंच, उपसरपंच, पंचायत प्रतिनिधियों एवं विद्यालय परिवार द्वारा मुख्य अतिथि त्रिलोक चंद्र श्रीवास का पुष्पहार एवं आतिशबाजी के साथ भव्य स्वागत किया गया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से ध्रुव गहवई, चंद्रप्रकाश केसरवानी, भागवत निर्मलकर, जगन्नाथ देवांगन, राधेश्याम तंबोली, भागवत कोरी, पार्थ किशन, नरेश, कामता सहित विद्यालय परिवार एवं आसपास के ग्रामों से आए हजारों नागरिक उपस्थित रहे।

Feb 8, 2026 - 10:03
 0  16
💬 WhatsApp पर शेयर करें
विद्यार्थी का सर्वप्रथम कर्तव्य पढ़ाई और करियर का चिंतन – त्रिलोक चंद्र श्रीवास

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0